उमरियापान में NEET पेपर लीक के विरोध में कांग्रेस का प्रदर्शन,कैंडल मार्च निकालकर दिवंगत विद्यार्थियों को दी भावभीनी श्रद्धांजलि।
झंडा चौक पर जुटे कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की मांग उठाई, युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों पर कठोर कार्रवाई की उठी मांग।
शनिवार को उमरियापान के झंडा चौक में कांग्रेस पार्टी द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बने NEET पेपर लीक मामले के विरोध में शांतिपूर्ण प्रदर्शन आयोजित किया गया। इस दौरान कांग्रेस पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता, निष्पक्षता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग को लेकर अपनी आवाज बुलंद की। प्रदर्शन के उपरांत कार्यकर्ताओं ने हाथों में मोमबत्तियां लेकर कैंडल मार्च निकाला तथा उन विद्यार्थियों को श्रद्धांजलि अर्पित की, जो आज विभिन्न कारणों से हमारे बीच नहीं हैं। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत विद्यार्थियों की स्मृति को नमन किया और उनके परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की।
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि देश के लाखों विद्यार्थी वर्षों तक कठिन परिश्रम कर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। ऐसे में यदि परीक्षा की गोपनीयता पर प्रश्न उठते हैं या पेपर लीक जैसी घटनाएं सामने आती हैं तो इससे विद्यार्थियों का मनोबल टूटता है और पूरी परीक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता प्रभावित होती है। उन्होंने कहा कि युवाओं के सपनों और उनके भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ स्वीकार्य नहीं है तथा ऐसे मामलों में दोषियों की पहचान कर उनके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
कार्यक्रम में उपस्थित कांग्रेस नेताओं ने कहा कि शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि देश के भविष्य का आधार है। इसलिए प्रतियोगी परीक्षाओं को पूर्णतः निष्पक्ष, पारदर्शी एवं सुरक्षित बनाए रखना शासन और संबंधित एजेंसियों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि यदि परीक्षा प्रणाली पर विद्यार्थियों का विश्वास कमजोर होगा तो इसका प्रतिकूल प्रभाव पूरे समाज और देश के भविष्य पर पड़ेगा। इस कारण आवश्यक है कि ऐसी घटनाओं की निष्पक्ष जांच कर वास्तविक दोषियों को कानून के दायरे में लाया जाए तथा भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था लागू की जाए।
कैंडल मार्च के दौरान वातावरण पूरी तरह शांतिपूर्ण एवं भावनात्मक रहा। कार्यकर्ताओं ने मोमबत्तियां जलाकर दिवंगत विद्यार्थियों की स्मृति में मौन श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके सपनों को याद करते हुए शिक्षा व्यवस्था को अधिक मजबूत एवं विश्वसनीय बनाने का संकल्प व्यक्त किया। कार्यक्रम में शामिल लोगों ने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी को निष्पक्ष अवसर मिलना चाहिए तथा उसकी मेहनत का सम्मान होना चाहिए। किसी भी प्रकार की अनियमितता या भ्रष्टाचार का सबसे अधिक नुकसान उन मेहनती युवाओं को होता है, जो अपने भविष्य को संवारने के लिए वर्षों तक कठिन परिश्रम करते हैं।
प्रदर्शन एवं कैंडल मार्च में कांग्रेस परिवहन प्रकोष्ठ कटनी ग्रामीण अध्यक्ष सिद्धार्थ दीक्षित, मास्टर शिव कुमार चौरसिया, सुखदेव चौरसिया, उमरियापान सरपंच अटल ब्योहार, जनपद सदस्य शैलेन्द्र पौराणिक, स्वतंत्र चौरसिया, सुनील पाठक, कुलदीप तिवारी, दम्मी चौरसिया, विराट पांडेय, सुनील पटेल, छुट्टू चौरसिया सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने एकजुट होकर शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने तथा युवाओं के हितों की रक्षा के लिए अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित जनों ने कहा कि देश के युवाओं का विश्वास बनाए रखना प्रत्येक लोकतांत्रिक व्यवस्था की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने मांग की कि प्रतियोगी परीक्षाओं को पूरी तरह सुरक्षित एवं पारदर्शी बनाने के लिए प्रभावी तकनीकी और प्रशासनिक उपाय किए जाएं, ताकि भविष्य में किसी भी विद्यार्थी के सपनों के साथ अन्याय न हो। साथ ही उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में ईमानदारी, पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए सभी संबंधित संस्थाओं से ठोस एवं प्रभावी कदम उठाने का आग्रह किया।
कैंडल मार्च और श्रद्धांजलि कार्यक्रम का समापन राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य, विद्यार्थियों के अधिकारों की रक्षा तथा निष्पक्ष और पारदर्शी परीक्षा प्रणाली की कामना के साथ किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने विश्वास व्यक्त किया कि शिक्षा व्यवस्था को मजबूत और भरोसेमंद बनाने के लिए समाज, प्रशासन और संबंधित संस्थाओं को मिलकर कार्य करना होगा, ताकि देश का प्रत्येक विद्यार्थी अपनी मेहनत और प्रतिभा के बल पर निष्पक्ष अवसर प्राप्त कर सके।


