कछार गांव बड़ा के लीलावती गार्डन में भव्य शिवलिंग की प्राण प्रतिष्ठा,तीन दिवसीय धार्मिक महाआयोजन संपन्न।
वैदिक मंत्रोच्चार,हवन-अनुष्ठान, कन्या पूजन और विशाल भंडारे के साथ श्रद्धा और आस्था का अभूतपूर्व संगम।
सिलौंडी,ग्रामीण खबर MP।
ढीमरखेड़ा तहसील क्षेत्र अंतर्गत कछार गांव बड़ा में नव निर्मित लीलावती गार्डन परिसर में स्थापित भव्य शिव मंदिर में शिवलिंग की प्राण प्रतिष्ठा का तीन दिवसीय धार्मिक महाआयोजन अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और वैदिक विधि-विधान के साथ संपन्न हुआ। आयोजन के दौरान पूरा क्षेत्र शिवमय वातावरण में डूबा नजर आया और दूर-दूर से पहुंचे श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के दर्शन कर पुण्य लाभ अर्जित किया।
ग्राम कछार बड़ा में निर्मित लीलावती गार्डन न केवल एक आकर्षक एवं सुव्यवस्थित परिसर के रूप में विकसित किया गया है, बल्कि इसके मध्य निर्मित भव्य शिव मंदिर ने इसे आध्यात्मिक केंद्र का स्वरूप प्रदान कर दिया है। मंदिर की स्थापत्य कला, साज-सज्जा और परिसर की स्वच्छता ने श्रद्धालुओं को विशेष रूप से आकर्षित किया। शिवलिंग की स्थापना के लिए आयोजित प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में विद्वान आचार्यों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधिवत पूजन, हवन, अभिषेक, अनुष्ठान एवं धार्मिक क्रियाएं संपन्न कराई गईं।
तीन दिनों तक चले इस धार्मिक आयोजन की शुरुआत मंगल कलश यात्रा एवं पूजन कार्यक्रम से हुई। इसके पश्चात नियमित रूप से रुद्राभिषेक, हवन और विशेष अनुष्ठान आयोजित किए गए। आचार्यों के निर्देशन में मंत्रों की गूंज और धूप-दीप की सुगंध से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालु सुबह से ही मंदिर परिसर में पहुंचने लगे थे और देर शाम तक दर्शन-पूजन का क्रम जारी रहा।
महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में सिर पर कलश धारण कर भक्ति भाव से शामिल हुईं, वहीं पुरुषों और युवाओं ने भी पूरे उत्साह के साथ धार्मिक कार्यक्रमों में सहभागिता निभाई। बच्चों में भी विशेष उत्साह देखा गया। पूरे आयोजन के दौरान भक्ति गीतों, शंखध्वनि और हर-हर महादेव के जयघोष से वातावरण गूंजता रहा। श्रद्धालुओं ने शिवलिंग पर जल, दूध और बिल्व पत्र अर्पित कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि, शांति और क्षेत्र की उन्नति की कामना की।
यह संपूर्ण आयोजन स्वर्गीय गोविंद प्रसाद तिवारी एवं श्रीमती लीलावती की पावन स्मृति में कराया गया। उनके सुपुत्र सुशील तिवारी, जो माइसेम सीमेंट में पूर्व निर्देशक रहे हैं, ने अपनी मातृभूमि में इस भव्य गार्डन और शिव मंदिर का निर्माण कराकर अपने माता-पिता के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित की है। ग्रामीणों ने बताया कि इस पहल से गांव को एक स्थायी धार्मिक और सामाजिक केंद्र प्राप्त हुआ है, जहां भविष्य में भी विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जा सकेंगे।
आयोजन के अंतिम दिन कन्या पूजन का कार्यक्रम संपन्न हुआ, जिसमें विधिवत रूप से कन्याओं का पूजन कर उन्हें भोजन कराया गया और दक्षिणा अर्पित की गई। इसके उपरांत विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे की व्यवस्थाएं सुव्यवस्थित रहीं और ग्रामवासियों ने सेवाभाव से अपनी जिम्मेदारियां निभाईं। आयोजन समिति एवं ग्रामीणों के सहयोग से पार्किंग, पेयजल, प्रसाद वितरण और सुरक्षा की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की गई।
कार्यक्रम में क्षेत्र के अनेक जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति रही। मंडल अध्यक्ष मनीष सिंह बागरी, जिला मंत्री डॉ. प्रशांत राय, सरपंच कैलाश चंद्र जैन, पूर्व जनपद पंचायत अध्यक्ष प्रकाश सिंह बागरी, शैलेश जैन, नरेंद्र उपाध्याय, प्रदीप बर्मन, दीनू बागरी, राजेंद्र बागरी, विजय बागरी, सोशल मीडिया प्रभारी धीरज जैन, चौकी प्रभारी अनिल पांडे, भीष्म लाल तिवारी, साकेत तिवारी, आरक्षक अतुल शर्मा एवं धर्मवीर सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे। अतिथियों ने आयोजन की सराहना करते हुए इसे क्षेत्र की धार्मिक चेतना को सुदृढ़ करने वाला प्रयास बताया।
तीन दिवसीय इस धार्मिक महाआयोजन ने ग्राम कछार बड़ा को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि शिव मंदिर की स्थापना से आने वाले समय में गांव में धार्मिक गतिविधियां बढ़ेंगी और नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति एवं परंपराओं से जुड़ने का अवसर मिलेगा। आयोजन की सफलता में ग्रामवासियों के सहयोग, आयोजकों की तत्परता और श्रद्धालुओं की आस्था का विशेष योगदान रहा।
समापन के अवसर पर आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं, अतिथियों और सहयोगकर्ताओं के प्रति आभार व्यक्त किया। इस ऐतिहासिक आयोजन को लेकर क्षेत्र में व्यापक उत्साह और संतोष का वातावरण देखा गया, वहीं श्रद्धालुओं ने इसे ग्राम कछारगाँव बड़ा के लिए गौरवपूर्ण क्षण बताया।
