दिल्ली-एनसीआर में 4.3 तीव्रता का भूकंप: सुबह-सुबह धरती हिली, लोग घरों से बाहर निकले।
आज सुबह 5:35 बजे आया भूकंप, दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में महसूस किए गए झटके।
अब तक किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं, लोगों में दहशत।
विशेषज्ञों की राय: भूकंप का केंद्र हरियाणा क्षेत्र में, सतर्क रहने की अपील।
कटनी,नई दिल्ली:
17 फरवरी 2025: आज तड़के सुबह 5:35 बजे दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में 4.3 तीव्रता का भूकंप महसूस किया गया। राजधानी दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, फरीदाबाद और गुड़गांव समेत आसपास के इलाकों में धरती के हिलने से लोग डरकर अपने घरों से बाहर निकल आए। हालाँकि, राहत की बात यह है कि अब तक किसी बड़े नुकसान या जानमाल की हानि की सूचना नहीं मिली है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, भूकंप का केंद्र हरियाणा के सोनीपत जिले के पास था, जिसकी गहराई 10 किलोमीटर थी। हल्के झटकों के बावजूद लोगों में डर का माहौल देखा गया। भूकंप के झटके कुछ सेकंड तक महसूस किए गए, जिससे लोग नींद से जाग गए और सुरक्षित स्थान की तलाश में बाहर निकल आए।
लोगों की प्रतिक्रिया:
गाजियाबाद के निवासी अजय शर्मा ने बताया, "सुबह अचानक बिस्तर हिलने लगा, पहले तो समझ नहीं आया लेकिन जब खिड़की के शीशे भी हिलने लगे तो परिवार के साथ बाहर आ गया।" नोएडा की अंजलि वर्मा ने कहा, "भूकंप के झटके महसूस होते ही हमने तुरंत दरवाजा खोला और सोसाइटी के अन्य लोगों के साथ बाहर आ गए।"
विशेषज्ञों की राय:
भूकंप विशेषज्ञ डॉ. राजीव मेहरा ने बताया कि दिल्ली-एनसीआर भूकंपीय ज़ोन IV में आता है, जहाँ मध्यम तीव्रता के भूकंप आते रहते हैं। उन्होंने कहा, "हालांकि यह भूकंप हल्का था, लेकिन यह एक चेतावनी है कि हमें हमेशा सतर्क रहना चाहिए। भूकंप से बचाव के लिए आपातकालीन योजना और तैयारियों की आवश्यकता है।"
प्रशासन की तैयारियाँ:
दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में प्रशासन ने स्थिति पर नजर बनाए रखी है। दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) के अधिकारियों ने कहा कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए हेल्पलाइन नंबर सक्रिय कर दिए गए हैं। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और शांत रहें।
भूकंप के दौरान क्या करें:
भूकंप के दौरान किसी मजबूत टेबल या फर्नीचर के नीचे छुपें।
लिफ्ट का उपयोग न करें।
खुले मैदान की ओर भागें, लेकिन बिजली के तारों और इमारतों से दूर रहें।
रेडियो या समाचार चैनलों के जरिए ताजा जानकारी प्राप्त करते रहें।
दिल्ली-एनसीआर में आया यह भूकंप भले ही बड़ा न हो, लेकिन यह हमें सतर्क रहने की सीख जरूर देता है। प्रशासन की ओर से राहत की बात यह है कि अब तक कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ है। फिर भी, भविष्य में किसी भी आपदा से निपटने के लिए तैयार रहना ही समझदारी है।
