सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स विकास की आवाज बनकर जन-जन तक पहुंचा रहे सरकार की योजनाएं,मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव।
स्लीमनाबाद टनल परियोजना स्थल पर इन्फ्लुएंसर्स संवाद कार्यक्रम में बोले मुख्यमंत्री,विंध्य के विकास,सिंचाई,उद्योग और जनभागीदारी को बताया नए मध्यप्रदेश की पहचान।
स्लीमनाबाद। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को देश की सबसे लंबी जल-सुरंग परियोजनाओं में शामिल स्लीमनाबाद टनल परियोजना स्थल पर आयोजित सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स संवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान समय में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स समाज और सरकार के बीच एक प्रभावी सेतु की भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि डिजिटल माध्यमों के जरिए इन्फ्लुएंसर्स सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास कार्यों और जनहित से जुड़े प्रयासों को जन-जन तक पहुंचा रहे हैं, जिससे शासन की जनभागीदारी और अधिक मजबूत हो रही है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि लोकतंत्र में जनभागीदारी का अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है और सोशल मीडिया आज ऐसा सशक्त मंच बन चुका है, जहां सकारात्मक संवाद के माध्यम से समाज में जागरूकता बढ़ाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों की सही जानकारी लोगों तक पहुंचाना और उन्हें सरकार की योजनाओं से जोड़ना एक महत्वपूर्ण सामाजिक दायित्व है, जिसे सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स प्रभावी ढंग से निभा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्लीमनाबाद टनल परियोजना केवल एक इंजीनियरिंग उपलब्धि नहीं, बल्कि सरकार की दृढ़ संकल्प शक्ति, आधुनिक तकनीक और हजारों श्रमिकों की अथक मेहनत का जीवंत प्रतीक है। उन्होंने बताया कि इस परियोजना का निर्माण अनेक भौगोलिक और तकनीकी चुनौतियों के बीच किया गया। विंध्य क्षेत्र की कठिन भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए इंजीनियरों ने अत्यंत सावधानी और दक्षता के साथ कार्य किया। कई बार मशीनों और तकनीकी संसाधनों से जुड़ी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, लेकिन सभी चुनौतियों को पार करते हुए परियोजना को सफलतापूर्वक पूरा किया गया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने परियोजना से जुड़े इंजीनियरों, तकनीकी विशेषज्ञों तथा श्रमिकों की सराहना करते हुए कहा कि उनका योगदान किसी चमत्कार से कम नहीं है। उनके समर्पण और परिश्रम के कारण आज विंध्य क्षेत्र के लाखों लोगों के लिए विकास की नई संभावनाओं के द्वार खुले हैं।
उन्होंने बताया कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूर्ण होने से लगभग 2.5 लाख हेक्टेयर अतिरिक्त भूमि सिंचित होगी। इससे किसानों को वर्षभर पर्याप्त सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी, कृषि उत्पादन में वृद्धि होगी और किसानों की आय बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण योगदान मिलेगा। इसके साथ ही जल उपलब्धता बढ़ने से क्षेत्र में औद्योगिक निवेश को भी प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश सरकार जनकल्याण और विकास के प्रत्येक संकल्प को पूरी प्रतिबद्धता के साथ पूरा कर रही है। प्रदेश आज तेज गति से विकास के नए युग में प्रवेश कर रहा है और आधारभूत संरचनाओं के निर्माण के माध्यम से गांवों, किसानों और आम नागरिकों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने का कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि स्लीमनाबाद टनल परियोजना पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से भी एक आदर्श उदाहरण है। यह गुरुत्वाकर्षण आधारित जल परिवहन प्रणाली पर आधारित है, जिससे कम लागत में अधिक क्षेत्र को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराई जा सकेगी तथा ऊर्जा की भी बचत होगी। इस तकनीक के माध्यम से पर्यावरण पर न्यूनतम प्रभाव डालते हुए अधिकतम लाभ सुनिश्चित किया गया है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने क्षेत्रवासियों से संवाद करते हुए कहा कि अब विंध्य क्षेत्र के लोगों को रोजगार और बेहतर जीवन की तलाश में पलायन करने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। पर्याप्त जल उपलब्ध होने से कृषि, उद्योग, व्यापार और रोजगार के नए अवसर विकसित होंगे तथा क्षेत्र समृद्धि की नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेगा।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, इंजीनियर, तकनीकी विशेषज्ञ एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। संवाद कार्यक्रम के माध्यम से मुख्यमंत्री ने विकास कार्यों के प्रचार-प्रसार में सोशल मीडिया की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए सभी इन्फ्लुएंसर्स से सकारात्मक और तथ्यात्मक जानकारी समाज तक पहुंचाने का आह्वान किया।


