पन्ना में सनसनीखेज वारदात,आशा कार्यकर्ता और युवक के शव घर में मिले,हत्या के बाद आत्महत्या की आशंका।
दरवाजा पीटती रही बेटी,अंदर खून से लथपथ मिली मां,पुलिस हर पहलू से कर रही जांच।
पन्ना,ग्रामीण खबर MP।
मध्यप्रदेश के पन्ना जिले के पवई थाना क्षेत्र में बुधवार को एक हृदयविदारक और सनसनीखेज घटना सामने आई, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। पवई नगर के अंबेडकर वार्ड क्रमांक-1 स्थित एक मकान में आशा कार्यकर्ता और एक युवक के शव मिलने से क्षेत्र में दहशत और शोक का माहौल व्याप्त हो गया। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि युवक ने पहले महिला की धारदार हथियार से हत्या की और बाद में स्वयं जहर खाकर आत्महत्या कर ली। हालांकि पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की गहन जांच कर रही है।
जानकारी के अनुसार सुनवानी खुर्द निवासी रजनी शुक्ला (37) पवई नगर में अपनी 17 वर्षीय बेटी के साथ रहती थीं और आशा कार्यकर्ता के रूप में कार्यरत थीं। बुधवार दोपहर सिमराखुर्द निवासी सुरेंद्र तिवारी (34) उनके घर पहुंचा। बताया जा रहा है कि घर पहुंचने के बाद उसने रजनी शुक्ला की बेटी को किसी बहाने से घर के बाहर भेज दिया। बेटी के बाहर निकलने के कुछ ही समय बाद घर के अंदर से दोनों के बीच विवाद की आवाजें आने लगीं।
प्रत्यक्षदर्शियों और आसपास के लोगों के अनुसार कुछ देर बाद विवाद ने उग्र रूप ले लिया और घर के भीतर से चीख-पुकार सुनाई देने लगी। स्थिति को भांपते हुए बेटी ने दरवाजा खुलवाने का प्रयास किया, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। बार-बार आवाज लगाने और दरवाजा पीटने के बावजूद जब कोई जवाब नहीं मिला तो घबराई बेटी ने तत्काल पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही पवई थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने सबसे पहले दरवाजा खुलवाने का प्रयास किया, लेकिन अंदर से कोई हलचल दिखाई नहीं दी। इसके बाद पुलिस ने स्थानीय लोगों की मौजूदगी में दरवाजा तोड़कर घर के भीतर प्रवेश किया। अंदर का दृश्य देखकर सभी स्तब्ध रह गए। कमरे में रजनी शुक्ला का शव खून से लथपथ अवस्था में पड़ा हुआ था, जबकि पास ही सुरेंद्र तिवारी भी मृत मिला।
प्राथमिक जांच के आधार पर पुलिस को आशंका है कि सुरेंद्र तिवारी ने किसी धारदार हथियार से रजनी शुक्ला पर जानलेवा हमला किया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद उसने कथित रूप से कोई जहरीला पदार्थ सेवन कर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। हालांकि मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही हो सकेगी।
घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्र के बड़ी संख्या में लोग मौके पर एकत्र हो गए। लोगों में घटना को लेकर आक्रोश और चिंता का माहौल देखने को मिला। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पंचनामा कार्रवाई पूरी की तथा पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया।
पवई थाना प्रभारी सुशील कुमार ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी संभावित पहलुओं पर जांच की जा रही है। घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए गए हैं और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस मृतक और मृतका के परिजनों, परिचितों तथा नजदीकी लोगों से भी जानकारी जुटा रही है, ताकि घटना के पीछे की वास्तविक वजह सामने आ सके।
जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि दोनों के बीच किस प्रकार का संबंध था और विवाद की वजह क्या रही। पुलिस मोबाइल कॉल डिटेल, आपसी संपर्क और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के संबंध में किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जा सकेगा।
इस दर्दनाक घटना ने इसलिए भी लोगों को भावुक कर दिया क्योंकि मृतका रजनी शुक्ला के परिवार पर पहले भी दुखों का पहाड़ टूट चुका था। जानकारी के अनुसार उनके 12 वर्षीय पुत्र की पिछले वर्ष संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई थी। उस घटना से परिवार अभी पूरी तरह उबर भी नहीं पाया था कि अब यह नई त्रासदी सामने आ गई।
फिलहाल पुलिस मामले की तह तक पहुंचने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक जांच और पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं इस घटना ने एक बार फिर महिलाओं की सुरक्षा, सामाजिक संबंधों में बढ़ते तनाव और मानसिक स्वास्थ्य जैसे गंभीर मुद्दों को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। पूरे पन्ना जिले में इस दर्दनाक घटना की चर्चा है और लोग जांच के निष्कर्ष का इंतजार कर रहे हैं।

