श्रमजीवी पत्रकार संघ ने वरिष्ठ भाजपा नेता रवि खरे का किया सम्मान।
होली पर वर्षों से आयोजित स्नेह भोज,फाग और राई के सांस्कृतिक आयोजन की सराहना,समाज में प्रेम,भाईचारा और परंपरा को सहेजने वाली पहल बताया।
कटनी,ग्रामीण खबर MP।
शहर में सनातन परंपरा और भारतीय संस्कृति के पारंपरिक उत्सवों को जीवंत बनाए रखने की दिशा में सक्रिय वरिष्ठ भाजपा नेता एवं समाजसेवी रवि खरे को मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ के पदाधिकारियों और सदस्यों द्वारा सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें होली के पावन पर्व पर वर्षों से निरंतर आयोजित किए जा रहे स्नेह भोज, फाग और राई जैसे पारंपरिक सांस्कृतिक आयोजनों के लिए प्रदान किया गया। शहर में यह आयोजन अब एक सशक्त सांस्कृतिक परंपरा के रूप में स्थापित हो चुका है, जिसमें बड़ी संख्या में नागरिक शामिल होकर आपसी प्रेम, भाईचारे और भारतीय लोक संस्कृति की जीवंत झलक का अनुभव करते हैं।
बताया जाता है कि रवि खरे द्वारा कई वर्षों से होली पर्व के अवसर पर शहरवासियों के लिए विशेष रूप से स्नेह भोज, फाग गायन और राई नृत्य का आयोजन किया जाता है। इस आयोजन में समाज के विभिन्न वर्गों के लोग एक साथ शामिल होकर पारंपरिक लोक संस्कृति का आनंद लेते हैं और एक-दूसरे को होली की शुभकामनाएं देते हैं। इस प्रकार के आयोजन सामाजिक समरसता को मजबूत करने के साथ-साथ भारतीय संस्कृति की उन परंपराओं को भी जीवित रखते हैं, जो समय के साथ धीरे-धीरे कम होती जा रही हैं। रवि खरे की इस पहल को शहर में सांस्कृतिक संरक्षण और सामाजिक सद्भाव का एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है।
मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि वर्तमान समय में जब सामाजिक जीवन में व्यस्तता और भागदौड़ बढ़ती जा रही है, ऐसे में पारंपरिक उत्सवों को सामाजिक स्वरूप में मनाने की पहल अत्यंत सराहनीय है। रवि खरे द्वारा किया जा रहा यह आयोजन केवल एक सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि समाज को जोड़ने का एक माध्यम बन गया है, जिसमें विभिन्न वर्गों और समुदायों के लोग एक साथ आकर उत्सव की खुशियां साझा करते हैं।
इस अवसर पर मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ के पूर्व जिलाध्यक्ष एवं वरिष्ठ सदस्य आशीष सोनी ने कहा कि रवि खरे सकारात्मक सोच के धनी व्यक्तित्व के धनी हैं और उनका सामाजिक जीवन समाज सेवा तथा सांस्कृतिक मूल्यों के संरक्षण के लिए समर्पित है। उन्होंने कहा कि समाज में ऐसे व्यक्तित्व बहुत कम होते हैं जो निरंतरता के साथ समाज को जोड़ने और परंपराओं को जीवित रखने के लिए प्रयास करते हैं। रवि खरे का यह प्रयास न केवल वर्तमान पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक है बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी एक उदाहरण प्रस्तुत करता है।
उन्होंने आगे कहा कि होली जैसे पारंपरिक त्योहारों को केवल औपचारिकता तक सीमित रखने के बजाय उन्हें सांस्कृतिक और सामाजिक स्वरूप में मनाना अत्यंत आवश्यक है। रवि खरे द्वारा आयोजित स्नेह भोज, फाग और राई का कार्यक्रम इसी भावना को आगे बढ़ाने का कार्य कर रहा है, जिससे समाज में अपनापन और सौहार्द का वातावरण मजबूत हो रहा है।
वहीं मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ के जिला अध्यक्ष डॉ. सुरेंद्र राजपूत ने कहा कि समाज में ऐसे आयोजन लोगों के बीच प्रेम, भाईचारे और एकता की भावना को मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि जब समाज के जिम्मेदार लोग आगे बढ़कर इस प्रकार के आयोजन करते हैं तो इससे समाज के अन्य लोगों को भी प्रेरणा मिलती है। रवि खरे का यह प्रयास वास्तव में समाज के लिए एक अनूठा उदाहरण है और उनके द्वारा किए जा रहे सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यों की जितनी सराहना की जाए उतनी कम है।
डॉ. श्री राजपूत ने कहा कि भारतीय संस्कृति की विशेषता ही यह है कि यहां त्योहार केवल उत्सव नहीं होते बल्कि वे समाज को जोड़ने का माध्यम भी होते हैं। ऐसे आयोजनों से लोगों के बीच आपसी संवाद बढ़ता है, सामाजिक संबंध मजबूत होते हैं और समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। रवि खरे द्वारा वर्षों से निभाई जा रही यह परंपरा इसी सांस्कृतिक भावना को जीवित रखने का कार्य कर रही है।
सम्मान समारोह के दौरान पत्रकार संघ के वरिष्ठ सदस्य अनंत गुप्ता, नगर निगम पार्षद शिल्पी सोनी, संतोष तोमर सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम में भाजपा के वरिष्ठ नेता चमन लाल आनंद और दयाराम तिवारी की विशेष उपस्थिति भी रही। सभी ने एक स्वर में रवि खरे के सामाजिक और सांस्कृतिक योगदान की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज को जोड़ने और परंपराओं को जीवंत बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित नागरिकों ने भी रवि खरे के इस प्रयास की प्रशंसा करते हुए कहा कि शहर में इस प्रकार के सांस्कृतिक आयोजन समाज में सकारात्मक वातावरण का निर्माण करते हैं। होली जैसे पर्व पर स्नेह भोज, फाग और राई जैसे पारंपरिक आयोजनों से लोगों को अपनी लोक संस्कृति से जुड़ने का अवसर मिलता है और सामाजिक रिश्ते भी मजबूत होते हैं।
कार्यक्रम के अंत में सभी ने एक-दूसरे को होली की शुभकामनाएं दीं और समाज में प्रेम, भाईचारे और सांस्कृतिक परंपराओं को आगे बढ़ाने का संकल्प व्यक्त किया। उपस्थित सभी लोगों ने कहा कि ऐसे आयोजन शहर की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करते हैं और आने वाले समय में भी इस प्रकार की पहल लगातार जारी रहनी चाहिए।
