सिविल न्यायालय सिहोरा में ई-सेवा केंद्र का शुभारंभ,न्यायालय परिसर में हुआ वृक्षारोपण।
सुविधाओं के विस्तार की दिशा में पहल,न्यायालय के मुख्य द्वार पर लगा नाम का बोर्ड,अधिवक्ता संघ ने कैंटीन की व्यवस्था की मांग रखी।
सिहोरा। सिविल न्यायालय सिहोरा परिसर में ई-सेवा केंद्र का शुभारंभ जिला एवं सत्र न्यायाधीश कृष्णकांत मिश्रा के कर-कमलों द्वारा किया गया। इस अवसर पर न्यायालय परिसर में पंचजन्य अभियान के तहत वृक्षारोपण कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया। कार्यक्रम में न्यायालय के सभी न्यायाधीशों सहित प्रशासनिक अधिकारियों एवं अधिवक्ता संघ के पदाधिकारियों ने सहभागिता करते हुए अपने-अपने नाम से एक-एक पौधे का रोपण किया।
कार्यक्रम के दौरान न्यायालय परिसर में सुविधाओं के विस्तार से जुड़े कई महत्वपूर्ण कार्य भी सामने आए। अधिवक्ता संघ की मांग पर न्यायाधीश संतोष कोल के विशेष प्रयासों से यूनियन बैंक सिहोरा के सहयोग से न्यायालय के मुख्य द्वार पर न्यायालय के नाम का बोर्ड लगवाया गया। इस कार्य के लिए अधिवक्ता संघ द्वारा जिला एवं सत्र न्यायाधीश कृष्णकांत मिश्रा का सम्मान कर आभार व्यक्त किया गया।
वृक्षारोपण कार्यक्रम में न्यायालय के सभी न्यायिक अधिकारियों के साथ एसडीएम सिहोरा, एसडीओपी सिहोरा एवं अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष रविदीप सिंह बैस सहित अन्य अतिथियों ने भी पौधारोपण किया। कार्यक्रम में न्यायिक अधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों, बैंक अधिकारियों, न्यायालयीन कर्मचारियों एवं अधिवक्ताओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
इस अवसर पर अधिवक्ता संघ द्वारा न्यायालय परिसर में अधिवक्ताओं एवं पक्षकारों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कैंटीन की शीघ्र व्यवस्था किए जाने की मांग भी रखी गई। संघ का कहना है कि न्यायालय परिसर में आने वाले पक्षकारों एवं अधिवक्ताओं को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध होने से उन्हें काफी सहूलियत मिलेगी।
कार्यक्रम में संतोष कोल, श्याम सुंदर झा, अजय ऊईके, विशाल रिछारिया, खालिदा तनवीर, हिमांशी भारद्वाज, रूपा मिश्रा, दीपशिखा दांगी सहित न्यायिक अधिकारीगण, एसडीएम सिहोरा, एसडीओपी सिहोरा, यूनियन बैंक के अधिकारीगण उपस्थित रहे। वहीं अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष रविदीप सिंह बैस, सचिव आनंद मणि त्रिपाठी, उपाध्यक्ष मुकेश मिश्रा, सह सचिव आशीष ब्योहार, कोषाध्यक्ष सुनील पटेल, ग्रंथालय प्रभारी आलोक बयौहार, आनंद पटेल, साकेत पिण्डहा, अभय नारायण मिश्रा सहित समस्त कार्यकारिणी सदस्य, न्यायालयीन कर्मचारी एवं अधिवक्ता साथी भी मौजूद रहे।
ई-सेवा केंद्र का शुभारंभ, न्यायालय के मुख्य द्वार पर नाम का बोर्ड एवं गेट निर्माण तथा परिसर में वृक्षारोपण को न्यायालय की व्यवस्थाओं एवं सुविधाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। ई-सेवा केंद्र के माध्यम से न्यायालय से संबंधित आवश्यक सेवाओं तक पहुंच आसान होने की उम्मीद है, वहीं वृक्षारोपण से न्यायालय परिसर में हरित एवं सकारात्मक वातावरण विकसित करने का संदेश भी दिया गया।


