कटनी में 21 वर्षों में सबसे कम विकास,मुख्यमंत्री से प्रमुख मांगों पर कार्रवाई की अपेक्षा-करण सिंह चौहान।
मेडिकल,इंजीनियरिंग और नर्सिंग कॉलेज,एयरपोर्ट,नर्मदा जल परियोजना,पेयजल संकट और अपराध रोकने के लिए एसआईटी गठन की उठाई मांग।
कटनी,ग्रामीण खबर MP।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव के 14 मार्च को कटनी जिले के बरही आगमन से पहले जिला शहर एवं ग्रामीण कांग्रेस के पूर्व जिला अध्यक्ष करण सिंह चौहान ने पत्र के माध्यम से जिले के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को उठाया है। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि कटनी जिले की लंबे समय से लंबित मांगों को ध्यान में रखते हुए उनके समाधान के लिए ठोस निर्णय लिए जाएं, ताकि जिले के विकास को गति मिल सके।
पूर्व जिला अध्यक्ष करण सिंह चौहान ने अपने पत्र में कहा कि पिछले 21 वर्षों से मध्यप्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार है, लेकिन इसके बावजूद पूरे प्रदेश में यदि किसी जिले में सबसे कम विकास हुआ है तो वह कटनी जिला है। उन्होंने कहा कि औद्योगिक, शैक्षणिक और बुनियादी सुविधाओं के मामले में कटनी आज भी कई जिलों से पीछे है। ऐसे में मुख्यमंत्री के बरही आगमन को जिले के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर बताते हुए उन्होंने उम्मीद जताई कि मुख्यमंत्री कटनी जिले की उपेक्षित मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेंगे।
पत्र में करण सिंह चौहान ने बताया कि कटनी जिले की बहुप्रतीक्षित मांगों में शासकीय मेडिकल कॉलेज, शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज और शासकीय नर्सिंग कॉलेज की स्थापना प्रमुख रूप से शामिल है। उन्होंने कहा कि जिले के हजारों छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए जबलपुर, रीवा, भोपाल और अन्य शहरों का रुख करना पड़ता है, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों पर अतिरिक्त बोझ पड़ता है। यदि कटनी में इन शैक्षणिक संस्थानों की स्थापना होती है तो जिले के युवाओं को स्थानीय स्तर पर ही बेहतर शिक्षा उपलब्ध हो सकेगी।
इसके साथ ही करण सिंह चौहान ने रानी दुर्गावती यूनिवर्सिटी के उप कार्यालय की स्थापना की मांग भी उठाई। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय से संबंधित कार्यों के लिए छात्रों और शिक्षकों को जबलपुर जाना पड़ता है, जिससे समय और धन दोनों की बर्बादी होती है। यदि कटनी में विश्वविद्यालय का उप कार्यालय स्थापित किया जाता है तो इससे पूरे जिले के विद्यार्थियों और शैक्षणिक संस्थानों को बड़ी राहत मिलेगी।
रेलवे सुविधाओं को लेकर भी करण सिंह चौहान ने मुख्यमंत्री का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने कहा कि कटनी देश का एक प्रमुख रेल जंक्शन है, जहां विशाल रेल यार्ड और चार रेलवे स्टेशन मौजूद हैं। देश के कई प्रमुख रेल मार्गों का संचालन कटनी से होता है, जिससे यह रेलवे की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान माना जाता है। उन्होंने बताया कि पहले यहां ट्रेनों की साफ-सफाई के लिए वाशिंग पिट की सुविधा उपलब्ध थी, लेकिन कई वर्षों से यह सुविधा बंद पड़ी हुई है।
करण सिंह चौहान ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि वे प्रधानमंत्री और रेल मंत्री से चर्चा कर बंद पड़े वाशिंग पिट का पुनर्निर्माण कर इसे पुनः प्रारंभ कराने की पहल करें। उनका कहना है कि यदि यह सुविधा दोबारा शुरू होती है तो कटनी से देश के बड़े महानगरों के लिए नई ट्रेनों के संचालन की संभावना बढ़ेगी, जिससे जिले के लोगों को आवागमन में काफी सुविधा मिलेगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।
जिले में बढ़ते अपराध और नशे के कारोबार को लेकर भी करण सिंह चौहान ने गंभीर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि कटनी जिले में गांव-गांव अवैध शराब की बिक्री हो रही है, जिससे सामाजिक माहौल पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। विशेष रूप से छात्राओं और महिलाओं को घर से निकलने में असुरक्षा का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि जिले में जुआ, क्रिकेट सट्टा और स्मैक जैसे नशे का कारोबार तेजी से फैल रहा है, जिससे युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है। इसके साथ ही चाकूबाजी की घटनाएं भी लगातार बढ़ रही हैं, जिससे कानून व्यवस्था को लेकर लोगों में भय का वातावरण बन रहा है। इस स्थिति को देखते हुए करण सिंह चौहान ने अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित करने की मांग की है।
पेयजल समस्या को लेकर भी करण सिंह चौहान ने मुख्यमंत्री का ध्यान आकर्षित किया है। उन्होंने कहा कि पिछले दो दशकों से हर वर्ष अप्रैल, मई और जून के महीनों में कटनी शहर को भीषण पेयजल संकट का सामना करना पड़ता है। नगर निगम क्षेत्र में कई बार सप्ताह में केवल दो दिन ही पानी की आपूर्ति हो पाती है, जिससे आम नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने सुझाव दिया कि शहर के एकमात्र कटाई घाट बैराज में बरसात के समय पानी का पर्याप्त भंडारण होता है। यदि इस बैराज को बिलहरी की ओर से नर्मदा नहर से जोड़ दिया जाए तो कटनी शहर की पेयजल समस्या स्थायी रूप से हल हो सकती है। इस दिशा में शासन को ठोस योजना बनाकर शीघ्र कार्य शुरू करना चाहिए।
किसानों की समस्याओं को उठाते हुए करण सिंह चौहान ने कहा कि जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्या में बिजली ट्रांसफार्मर खराब पड़े हुए हैं, जिसके कारण किसान समय पर सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। इससे फसलों को नुकसान हो रहा है और किसानों की आर्थिक स्थिति भी प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा कि कई बार शिकायतों के बावजूद ट्रांसफार्मर समय पर नहीं बदले जा रहे हैं, जिससे किसान परेशान और चिंतित हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि पिछले 20 वर्षों से कटनी जिले तक नर्मदा का जल पहुंचाने की योजना पर चर्चा होती रही है, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आया है। करण सिंह चौहान ने मुख्यमंत्री से मांग की कि इस मामले में तत्काल जांच के आदेश दिए जाएं और यह स्पष्ट किया जाए कि आखिर इतनी महत्वपूर्ण योजना वर्षों से लंबित क्यों है।
अंत में करण सिंह चौहान ने कटनी जिले में एयरपोर्ट निर्माण की मांग को भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि कटनी जिले की जनता को कई बार एयरपोर्ट निर्माण का सपना दिखाया गया, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई ठोस प्रगति नहीं हो सकी है। यदि कटनी में एयरपोर्ट का निर्माण होता है तो इससे जिले के औद्योगिक, व्यापारिक और पर्यटन विकास को नई दिशा मिलेगी।
उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि कटनी जिले के समग्र विकास को ध्यान में रखते हुए एयरपोर्ट निर्माण के लिए प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की जाए और इस परियोजना को शीघ्र प्रारंभ किया जाए। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि मुख्यमंत्री के कटनी आगमन के अवसर पर यदि इन महत्वपूर्ण मांगों पर सकारात्मक घोषणा होती है तो इससे जिले की जनता को बड़ी राहत मिलेगी और कटनी के विकास को नई गति प्राप्त होगी।
