पीडब्ल्यूडी के प्रभारी मुख्य अभियंता 50 हजार की रिश्वत लेते लोकायुक्त के ट्रैप में गिरफ्तार।
निर्माण कार्यों की टेस्टिंग का काम दिलाने के एवज में हर माह एक लाख रुपये मांगने का आरोप,शासकीय आवास पर हुई कार्रवाई।
रीवा। लोक निर्माण विभाग में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त पुलिस ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए रीवा संभाग के प्रभारी मुख्य अभियंता कैलाश कुमार लच्छे को कथित रूप से 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। लोकायुक्त की यह कार्रवाई सिविल लाइन क्षेत्र स्थित अटल पार्क के सामने आरोपी अधिकारी के शासकीय आवास पर की गई। कार्रवाई के दौरान लोकायुक्त टीम ने रिश्वत की राशि बरामद करते हुए प्रकरण दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार सतना निवासी सोनू सिंह एक टेस्टिंग लैब में मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। उनकी फर्म लोक निर्माण विभाग के निर्माण कार्यों में गुणवत्ता परीक्षण से संबंधित कार्य करती है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि रीवा लोक निर्माण विभाग संभाग में निर्माण कार्यों की टेस्टिंग का काम दिलाने के एवज में प्रभारी मुख्य अभियंता कैलाश कुमार लच्छे द्वारा हर माह एक लाख रुपये रिश्वत की मांग की जा रही थी।
शिकायत के बाद शुरू हुई जांच
शिकायतकर्ता सोनू सिंह ने कथित रिश्वत मांगने को लेकर 4 अगस्त को लोकायुक्त पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत की जांच और सत्यापन के दौरान भी रिश्वत की मांग से संबंधित तथ्यों की पुष्टि किए जाने की बात सामने आई। आरोप है कि इस दौरान अधिकारी द्वारा अपने कथित सहयोगी धर्मवीर भारती के माध्यम से 50 हजार रुपये की राशि ली गई थी।
सत्यापन के बाद लोकायुक्त पुलिस ने आरोपी को रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ने के लिए ट्रैप की योजना तैयार की। मंगलवार 11 अगस्त को शिकायतकर्ता द्वारा आरोपी अधिकारी को 50 हजार रुपये दिए जाने के दौरान लोकायुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए कैलाश कुमार लच्छे को कथित रूप से रिश्वत की राशि लेते हुए पकड़ लिया।
शासकीय आवास पर हुई ट्रैप कार्रवाई
लोकायुक्त की कार्रवाई सिविल लाइन स्थित अटल पार्क के सामने आरोपी अधिकारी के शासकीय आवास पर की गई। टीम ने कार्रवाई के दौरान रिश्वत की राशि बरामद की और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की। कार्रवाई के बाद लोकायुक्त पुलिस ने मामले से जुड़े दस्तावेज और अन्य तथ्यों की जांच शुरू कर दी है।
प्रभारी मुख्य अभियंता के पद पर हैं पदस्थ
लोकायुक्त पुलिस के अनुसार कैलाश कुमार लच्छे वर्तमान में लोक निर्माण विभाग संभाग रीवा में प्रभारी मुख्य अभियंता के पद पर पदस्थ हैं। उनका मूल पद कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग जिला रीवा बताया गया है। वहीं मामले में धर्मवीर भारती की भूमिका को लेकर भी जांच की जा रही है।
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज
लोकायुक्त पुलिस ने कैलाश कुमार लच्छे और धर्मवीर भारती के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधन 2018) की धारा 7 के तहत प्रकरण दर्ज किया है। मामले में लोकायुक्त पुलिस द्वारा आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
कार्रवाई में ये अधिकारी रहे शामिल
पूरी कार्रवाई लोकायुक्त पुलिस की टीम ने की। ट्रैप टीम में उप पुलिस अधीक्षक प्रवीण सिंह परिहार, निरीक्षक संदीप सिंह भदौरिया सहित लोकायुक्त कार्यालय रीवा के अधिकारी एवं कर्मचारी शामिल रहे। लोकायुक्त टीम द्वारा प्रकरण से संबंधित साक्ष्यों और दस्तावेजों को भी संकलित किया जा रहा है।
लोकायुक्त की इस कार्रवाई के बाद लोक निर्माण विभाग में हड़कंप की स्थिति बनी हुई है। फिलहाल मामले में सामने आए आरोपों की जांच और कानूनी प्रक्रिया जारी है। आरोपी के विरुद्ध दर्ज प्रकरण में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी।


